पीरियड्स में ज्यादा ब्लीडिंग (खून आना) रोकने के 11 घरेलू उपाय

Periods me heavy Bleeding rokne ke Upay: महिलाओ के लिए पीरियड्स यानी माहवारी के दिन परेशानी वाले होते हैं।  पीरियड में पेट या कमर दर्द और ब्लीडिंग होना आम बात होती है। इन दिनों के बीच कभी कभार ज्यादा खून आये तो ज्यादा घबराने वाली बात नहीं होती, पर अगर हैवी ब्लीडिंग बार बार होने लगे तो इस पर ध्यान देने जरुरी हो जाता हैं। क्योंकि ऐसे हर बार ज्यादा रक्त गिरना कई और बीमारियों की वजह से भी हो सकता। अगर हम इस पर ध्यान नहीं देंगे तो खून की कमी हो सकती है जो आगे चलकर अनीमिया जैसे खतरनाक बीमारी का रूप ले लेती है। और उसके साथ में शरीर में कमजोरी आ जाती हैं।  Mc में ज्यादा रक्तस्त्राव को मेडिकल भाषा में menorrhagia नाम की बीमारी से जाना जाता हैं। अधिकतर स्त्रिया पीरियड्स में ज्यादा ब्लड आने दवा लेती है पर आगे हम पीरियड्स में ज्यादा ब्लीडिंग से छुटकारा पाने के घरेलू नुस्खे बताएँगे।

ज्यादा menstruation आपको शारीरिक नुकसान तो पहुचती है ही उसके साथ में आपके कामकाज और सोशल लाइफ को भी प्रभावित करती हैं। बार बार हर 2-3 घंटे में सेनेटरी पैड बदलना पड़ता है जिसके वजह से ना आप कही बाहर जा पाते है और ना ही किसी काम में मन लगा पाते हैं। 7 दिन से ज्यादा समय खून आना, अधिक मात्रा में रक्तस्त्राव, कमजोरी और पेट के निचले हिस्से में लगातार दर्द रहना, पीरियड्स में ज्यादा ब्लीडिंग के कुछ लक्षण हैं।

मासिक धर्म में ज्यादा रक्तस्त्राव के कारण : Heavy Bleeding Causes in Hindi

  • महिलाओ में एस्ट्रोजेन और प्रोजेस्टेरोन नाम  2 हारमोंस होते हैं  हारमोंस में असंतुलन होना योनी से रक्तस्त्राव का कारण हो सकता हैं।
  • प्रेगनेंसी से छुटकारा पाने के लिए ज्यादा गर्भनिरोधक दवाइयों का सेवन करना।
  • गर्भावस्था में miscarriage या कोई अन्य प्रेगनेंसी संबधित जटिलता होना।
  • प्रजनन अंगों में इन्फेक्शन होने से भी ज्यादा ब्लीडिंग हो सकती हैं।
  • खून पतला करने के लिए दवाओ का सेवन करना।
  • एडिनोमोसिस बीमारी या पेल्विक में सूजन आना।
  • Uterus, Cervix, Vagina या ovaries का कैंसर होना।
  • पढ़े : कैंसर होने के शुरूआती लक्षण

पीरियड्स में ब्लीडिंग Periods me Heavy Bleeding Rokne ke Upay

पीरियड्स में ज्यादा ब्लीडिंग रोकने के घरेलू नुस्खे

Periods me Heavy Bleeding Rokne ke Upay

1. बर्फ से सिकाई करना

पीरियड में बार बार ब्लीडिंग होने पर बर्फ की सिकाई काफी फायदेमंद होता हैं। बर्फ की सिकाई से बॉडी के तापमान में बदलाव आता है जिससे खून की कौशाकाओ में सिकुडन आती है जिससे रक्तस्त्राव कम होने में मदद मिलती हैं।  ये नेचुरल तरीका ना सिर्फ खून के बहाव को रोकेगा बल्कि पेट दर्द में भी राहत पहुचेगा।

  • एक तौलिये में कुछ बर्फ के टुकड़े (ice cube) ले और उसे लपेट कर उससे पेट की सिकाई करे। 10-15 मिनट सिकाई के बाद कुछ समय के लिए पीठ के बल लेट कर आराम करे। अगर ब्लीडिंग फिर भी रुक नहीं रही तो 4 घंटे बाद फिर ये उपाय दोहराए।

2. धनिये के बीज

माहवारी में अत्यधिक खून का बहाव परेशानी को और बढ़ा देता हैं। जिससे छुटकारा पाने में धनिये के बीज बहुत फायदेमंद होते हैं। आयुर्वेद के अनुसार इसे गर्भाशय को सही ढंग से काम करने और महिलाओ में उचित हार्मोन संतुलन बनाए रखने के लिए औषधि के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता हैं।

  • एक बड़ा गिलास पानी में एक चमच्च धनिया पाउडर की डाले और तब तक गर्म आकरे जब तक पानी आधा ना रह जाए। अब इसे थोडा देर के लिए ठंडा होने रख दे, जब ये हल्का गर्म रह जाए तो इसमें थोडा शहद मिलकर सेवन करे। मासिक चक्र के दिनों में 2-3 बार इसका सेवन करने से जल्द ही आपको हैवी ब्लीडिंग कम होने में फायदा नजर आने लगेगा।

 3. सेब का सिरका

सेब के सिरके का सेवन माहवारी के दिनों में होने वाला हेवी ब्लीडिंग रोकने के लिए किया जा सकता हैं। सेब का सिरका आपके बॉडी से हानिकारक विषेले पदार्थो को शरीर से बाहर निकलता है जिससे उचित हार्मोन बैलेंस बनता है और रक्तस्त्राव में कमी आती हैं। इसके साथ इसके सेवन से सिरदर्द, थकान, पेट दर्द जैसे लक्षणों में भी फायदा होता हैं।

  • एक गिलास साफ़ पानी में 1-2 चमच्च सेब के सिरके की डाले और उसे पीले। बेहतर परिणामो के लिए दिन में 3 बार इस घरेलू नुस्खे का सेवन करे।

4. दालचीनी

हैवी पीरियड्स ब्लीडिंग रोकने के लिए दालचीनी एक असरदार आयुर्वेदिक दवा हैं। इस औषधि में पाए जाने वाले anti inflammatory और antispasmodic गुणों की वजह से मासिक धर्म में होने वाली ऐंठन में भी कमी आती हैं।

  • एक बड़े कप पानी में एक चमच्च दालचीनी पाउडर डालकर इसे उबाले। अब थोडा ठंडा होने के बाद इसमें एक चमच्च शहद मिलाए और चुस्कियो के साथ दिन में 2 बार पिए . जाने कुछ और चमत्कारी दालचीनी के फायदे .

5. लाल मिर्च

लाल मिर्च बॉडी में उपयुक्त खून के दौरे को बनाने में मददगार होती हैं। हारमोंस संतुलन बनाए रखने में भी लाल मिर्च मदद करती हैं। जिससे मासिक धर्म में होने वाले ज्यादा ब्लीडिंग रोकने में फायदा होता हैं।

  • एक गिलास पानी गर्म करे और उसमे आधा चमच्च लाल मिर्च पाउडर की डालकर अच्छे से मिलाए। इस मिश्रण में आधा चमच्च शहद मिलकर पिए। पीरियड्स में दिन में 2 बार इस होम रेमेडी का सेवन करे।

6. आयरन युक्त डाइट

पीरियड्स में होने वाले अत्यधिक रक्तस्त्राव खून की कमी पैदा करता है जो आयरन की कमी वाले एनीमिया होने का कारण बनता हैं। इसलिए जिनको ये समस्या आती है उनको आयरन युक्त खाने खाना बहुत जरुरी बन जाता हैं।

  • जिन भी फलो और सब्जियों में आयरन ज्यादा होता है उनका अधिक सेवन करे। हरी सब्जिया, लाल मांस, किशमिश, खरबूज, अंडे की जर्दी कुछ ऐसे खाद्य पदार्थ है जिनमे उच्च मात्रा में आयरन होता हैं।

अगर आपको पीरियड्स ब्लीडिंग होती जा रही है और घरेलू उपचार से भी कोई फायदा नहीं पहुच रहा तो तुरंत अपने डॉक्टर से मिले और उनके बताए अनुसार उचित ट्रीटमेंट चालू करे।

मासिक धर्म में ब्लीडिंग टिप्स : Heavy bleeding during periods in Hindi

  1. मैग्नीशियम की कमी ब्लीडिंग का एक कारण होती है इसलिए ज्यादा मैग्नीशियम से भरपूर खाने खाए।
  2. शरीर की मांशपेशियो को रिलैक्स करने के लिए गर्म पानी से स्नान करे।
  3. कमर के निचले भाग पर हलके गर्म जैतून के तेल से मसाज़ करे।
  4. नींद पूरी ना लेना इस समस्या को और बढ़ा देता है इसलिए दिन में 7-8 घंटे जरुर सोए।
  5. पीरियड्स में ज्यादा भारी चीजे उठाने से परहेज करे।

ilajUpay का ये लेख पीरियड्स में ब्लीडिंग रोकने के उपाय : Home remedies for heavy bleeding in Hindi? कैसा लगा ये बताना ना भूले। अगर हमारी किसी बहन के कोई सवाल माहवारी से संबधित तो वो भी पूछ  सकते हैं।

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